दिल्ली में आयोजित हुआ अंतराष्ट्रीय विजय दिवस : छत्तीसगढ़ से किसान कांग्रेस पदाधिकारी हुये सम्मिलित
रायपुर । शनिवार 13 दिसम्बर को राजेंद्र भवन दिल्ली में 54 वें अंतर्राष्ट्रीय विजय दिवस ( दलित सम्मेलन ) का आयोजन किया गया। सम्मेलन की मुख्य अतिथि पूर्व लोक सभा स्पीकर मीरा कुमार थी।
इस आयोजन में आसाम,नेपाल, गुजरात, हरियाणा,तमिलनाडु, कर्नाटक, पश्चिम बंगाल,आंध्रप्रदेश, और छत्तीसगढ़ के किसान कांग्रेस के पदाधिकारी बड़ी संख्या में सम्मिलित हुये।
आयोजित दलित सम्मेलन के दौरान पूर्व उप प्रधानमंत्री बाबू जगजीवन राम का स्मरण किया गया। उनके जीवन काल में किये गये सभी कार्यों की सराहना की गई।
बताया गया कि बाबू जगजीवन राम का पूरा जीवन दलितों शोषितों के लिये संघर्ष से जुड़ा रहा। वें दलित अधिकारों और सामाजिक समानता के प्रबल समर्थक थे। बाबू जगजीवन राम ने 1935 में दलितों के लिये मंदिर – कुंओ को खोलने और मतदान के अधिकार की मांग की, प्रति वर्ष 5 अप्रैल को उनकी जयंती ( समता दिवस ) पर उनका स्मरण किया जाता है।
दलित सम्मेलन के दौरान पूर्व उप प्रधानमंत्री बाबू जगजीवन राम की जीवन शैली पर और भी विस्तृत जानकारी दी गई, उनके प्रेरणादायक विचारों को आत्मसात करने और भेद भाव ऊंच नीच और अमीरी गरीबी की भावनाओं से परे होकर समाज,और देश की भलाई के लिये एक जुट होकर सभी वर्गों को कार्य करने की आवश्यकता पर बल दिया गया।
दिल्ली में आयोजित इस आयोजन में छत्तीसगढ़ से किसान कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष अभिषेक मिश्रा, प्रदेश उपाध्यक्ष फनीश दुबे, प्रदेश महामंत्री गजेंद्र सिंह सिन्हा,प्रदेश महामंत्री भौम सिंह नाग, प्रदेश महामंत्री राजेश मुखर्जी, प्रदेश महासचिव राजेंद्र वर्मा, जिलाध्यक्ष देवाल सिंह, मानिक साहु, एवं अन्य पदाधिकारी सम्मिलित हुये।
छत्तीसगढ़ प्रदेश किसान कांग्रेस महामंत्री गजेंद्र सिंह सिन्हा द्वारा मीरा कुमार जी को गुलदस्ता भेंट किया गया। श्रीमती मीरा कुमार द्वारा विभिन्न राज्यों से आये उत्कृष्ट सामाजिक व राजनैतिक कार्यकर्ताओं, पुर्व सांसदों विधायकों, स्वयं सेवी संस्थाओं को सम्मानित किया गया।







